डाॅo भीमराव अम्बेडकर विश्वविध्यालय, आगरा



9. प्रवेश नियमावली (सत्र 2018-2019)


यह नियम विश्वविध्यालय अधिनियम परिनियम तथा अध्यादेशों के अधीन ही मान्य होंगे तथा महाविध्यालयों में कला, विज्ञान, वाणिज्य, कृषि तथा विधि ( एल-एल0बी0 प्रथम वर्ष एवं एल-एल0एम0 प्रथम वर्ष ) संकायों की कक्षाओं में प्रवेश के लिए लागू होंगे। प्रवेश उन्हीं पाठ्यक्रम/विषयों में दिया जायेगा जिनकी सम्बद्धता महामहिम कुलाधिपति महोदय अथवा उत्तर प्रदेश शासन लखनऊ से प्राप्त हैं और उनका प्राविधान विश्वविध्यालय की प्रथम परिनियमावली में विध्यमान हैं तथा मा0 कुलपति महोदय से प्रवेश की अनुमति प्राप्त कर ली गयी है।

सामान्य निर्देश



1. (अ) प्रत्येक महाविध्यालय अपनी विवरण पुस्तिका(Prospectus) तैयार करायेगा, जिसमें प्रवेश नियमों, निर्धारित शुल्कों तथा महाविध्यालय सम्बन्धी आवश्यक सूचनाओं का विवरण होगा। आवेदन-पत्र एवं अन्य प्रपत्र भी इस पुस्तिका में संलग्न होंगे तथा सभी कक्षाओं के लिए एक ही विवरण पुस्तिका होगी। सभी पाठ्यक्रम इस पुस्तिका में सम्मिलित किये जायेंगे।

(ब) विवरण पुस्तिका में सत्र 2018-2019 के लिए प्रत्येक कक्षा में निर्धारित सामान्य एवं आरक्षित सीटों का विवरण प्रकाशित करना अनिवार्य होगा। प्रत्येक कक्षा में 21% स्थान अनुसूचित जातियों, 27% स्थान पिछड़ी जातियों, 2% अनुसूचित जनजातियों तथा 3% स्थान विकलांगों के लिए (छात्र के स्वयं से सम्बन्धित वर्ग (कैटेगरी) के अन्तर्गत ही) आरक्षित होंगे। विकलांगों के लिए जनपद के मुख्य चिकित्साधिकारी का प्रमाण-पत्र ही मान्य होगा। महिला अभ्यर्थियों के लिए प्रत्येक वर्ग में 20 प्रतिशत स्थान सुरक्षित रहेंगे, यदि कश्मीरी छात्रा है तो उसे प्राथमिकता दी जायेगी।

(स) सम्बन्धित महाविध्यालयों में विवरण पुस्तिका का शुल्क रु० 200/- नकद तथा पंजीकृत डाक द्वारा रु० 250/- लिया जायेगा।

(द) प्रत्येक महाविध्यालय को अपने महाविध्यालय की बेवसाइट तैयार करना अनिवार्य होगा जिस पर इच्छुक छात्रों को विवरण पुस्तिका उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित किया जाये। विवरण पुस्तिका में विश्वविध्यालय की बेवसाइट तथा महाविध्यालय की बेवसाइट का उल्लेख करना आवश्यक होगा।

2. (अ) सत्र 2018-2019 के लिए कला, विज्ञान एवं वाणिज्य संकायों की स्नातक कक्षाओं के प्रथम वर्ष के ‘त्रिवर्षीय पाठ्यक्रम’ तथा कृषि संकाय की स्नातक कक्षाओं के प्रथम वर्ष ‘‘चतुर्थवर्षीय पाठ्यक्रम” में ही प्रवेश दिये जायेगें। यदि छात्र अन्य किसी वर्ष में उक्त पाठ्यक्रमों के किसी विषय में प्रवेश लेना चाहे तो पत्राचार पाठ्यक्रम में, केवल उन विषयों में जिनमें पत्राचार पाठ्यक्रम उपलब्ध हो, प्रवेश ले सकते हैं।

(ब) सभी संकायों की स्नातक/स्नातकोत्तर कक्षाओं में प्रथम वर्ष के लिए आवेदन पत्रों के पंजीकरण की अन्तिम तिथि 31 जुलाई 2018 होगी तथा शुल्क आदि जमा करके प्रवेश प्राप्त करने की अन्तिम तिथि 21 अगस्त, 2018 होगी। किसी भी परिस्थिति में प्रवेश 31 अगस्त 2018 के पश्चात् नहीं होगा। ऐसे अभ्यर्थी जिनका परीक्षाफल रोका गया हो, परीक्षाफल घोषित होने के 15 दिन तक प्रवेश ले सकेंगे, यदि कक्षा में स्थान उपलब्ध हों।

● महाविध्यालयों के खुलने की तिथि - 01 जुलाई 2018.

● स्नातक प्रथम वर्ष प्रवेश (सभी संकाय) हेतु पंजीकरण की प्रारम्भ तिथि - 01 जुलाई 2018.

● स्नातक सभी संकाय के प्रथम वर्ष में पंजीकरण की तिथि - 15 जुलाई 2018.

● स्नातक प्रथम वर्ष कक्षाओं में पठन-पाठन प्रारम्भ करने की तिथि - 05 अगस्त 2018.

3. (अ) प्रवेश सूची मय योग्यता अंक सहित काॅलेज ‘‘नोटिस बोर्ड” पर लगा दी जायेगी। छात्रा तदानुसार प्रवेश लें। (ब) महाविध्यालय के स्नातक/स्नातकोत्तर कक्षाओं के द्वितीय/ तृतीय/चतुर्थ वर्ष में सम्बन्धित पिछले वर्ष की कक्षाओं में उत्तीर्ण होने वाले छात्रों को प्रवेश मिलेगा यदि उनका प्रवेश किसी अन्य नियमों के अन्तर्गत प्रतिबन्धित न हो।

4. (अ) किसी कक्षा में अनुत्तीर्ण छात्र पुनः संस्थागत छात्र के रूप में प्रवेश हेतु वर्जित रहेंगे। ये भूतपूर्व छात्र के रूप में परीक्षा में सम्मिलित हो सकेंगे।

(ब) यदि छात्र कला, वाणिज्य, विज्ञान, कृषि तथा विधि स्नातक/स्नातकोत्तर कक्षाओं में प्रवेश के इच्छुक है और उसकी अर्हता परीक्षा में अन्तराल है तो ऐसी दशा में प्राचार्य को यह अधिकार होगा कि वह अधिकतम 2 वर्ष के अन्तराल के प्रवेश हेतु विचार कर सकता है। अन्तराल अर्हता परीक्षा पाठ्यक्रम से 2 वर्ष तक का ही विचारणीय होगा। प्राचार्य का निर्णय अन्तिम होगा।

टिप्पणी- 2 वर्ष के अन्तराल (GAP) के छात्रों का आॅन लाइन डाटा विश्वविध्यालय द्वारा सुरक्षित रखते हुए प्रदर्शित किया जायेगा ताकि आॅन लाइन फार्म भरवाते वक्त महाविध्यालय द्वारा छात्रों के रिकार्ड का मिलान किया जा सके।

(स) कला वाणिज्य संकाय के ऐसे छात्र जो किसी कक्षा में संस्थागत छात्र के रूप में प्रवेश ले चुके हों, परन्तु जिन्होंने सत्र के बीच में पढ़ाई छोड़ दी हो या परीक्षा में सम्मिलित न हुये हों, विश्वविध्यालय के किसी भी महाविध्यालय की किसी भी कक्षा में पुनः प्रवेश नहीं पा सकेंगे। ऐसे छात्र व्यक्तिगत परीक्षार्थी के रूप में परीक्षा दे सकेंगे।

“यह प्रतिबन्ध उन छात्रों पर लागू नहीं होगा, जिन्होंने संस्थागत छात्र के रूप में कोई प्रयोगात्मक विषय लिया हो पुनः उसी कक्षा/विषय में प्रवेश चाहता हो या जिसे विश्वविध्यालय द्वारा किसी छूआछूत की बीमारी के कारण परीक्षा में बैठने से रोक दिया गया हो अथवा जिन्हें भूतपूर्व छात्र या व्यक्तिगत परीक्षार्थी के रूप में सम्मिलित होने की सुविधा ना हो।“

प्राचार्य को प्रवेश के मामले में डाॅ० भीमराव अम्बेडकर विश्वविध्यालय आगरा विवरण पुस्तिका के अध्याय-19 के नीचे उद्धृत अध्यादेश-2 के अनुसार कर्तव्य और अधिकार होंगे-

"Subject to order issued under sub-section (4) of section 28 of the act, the Principal shall be the sole authority to admit or refuse to admit any applicant to any class in his college. He shall however, duly and strictly, follow the norms and principles, if any laid down by the University and such other directions as may be given to him from time to time by the University. Provided that the Principal may, at his discretion refuse to admit a candidate even if he is entitled for admission according to norms and principles laid down by the University and shall report all such cases to the admission committee forth with".

स्पष्टीकरण: उदाहरणार्थ निम्नलिखित परिस्थितियों में प्रवेश देने से इंकार किया जा सकता है:-

1. यदि अभ्यर्थी किसी शिक्षा संस्थान में अनुषासनहीनता के आरोप में दोषी पाया गया हो।

2. यदि अभ्यर्थी किसी भी न्यायालय द्वारा नैतिक अपराध में दण्डित किया गया हो या शासन द्वारा किसी अपराध में पंजीकृत किया गया हो और न्यायालय में निर्णय के लिए विचाराधीन हो।

5. (अ) स्नातक कक्षाओं के प्रथम वर्ष में प्रवेश के लिए अर्हता निम्न प्रकार होंगी-

(1) बी0 ए0/बी0 काॅम0 के लिए इण्टरमीडियेट के किसी भी ग्रुप की परीक्षा उत्तीर्ण।

(2) सेन्ट्रल बोर्ड आॅफ सेकेण्ड्री एजूकेशन द्वारा व्यावसायिक शैक्षिक अर्हता संरचना पाठ्यक्रम को विश्वविध्यालय अनुदान आयोग के निर्देशानुसार स्नातक स्तर पर विषय के रूप में मान्यता प्रदान की गई है, कृपया ऐसे छात्रों को प्रवेश दिया जाय।

(List of career Oriented vocational Courses offered by the C.B.S.E. at Senior Secondary Level Along with revised scheme of Studies)

(ब) स्नातक/स्नातकोत्तर कक्षाओं में प्रथम वर्ष में प्रवेष निम्न प्रकार किये जायेंगे-

(i) विश्वविध्यालय की भौगोलिक सीमाओं में स्थित स्थाई रूप से, सम्बद्ध महाविध्यालयों एवं उन्हीं जनपदों के इण्टरमीडिएट काॅलेजों से आने वाले उन अभ्यर्थियों को 70% स्थानों पर प्रवेश दिया जायेगा। जिन छात्रों ने 10 एवं 10+2 की परीक्षा उत्तर प्रदेश आगरा मण्डल एवं अलीगढ़ मण्डल की सीमा के अन्तर्गत स्थित इण्टरमीडिएट काॅलेजों से उत्तीर्ण की हो तथा स्नातक स्तर की परीक्षा यू0 पी0 आगरा मण्डल तथा डाॅ0 भीमराव अम्बेडकर विश्वविध्यालय, आगरा के महाविध्यालयों से उत्तीर्ण की हो। जनपदों के इण्टरमीडिएट काॅलेजों से आने वाले उन अभ्यर्थियों को 70% स्थानों पर प्रवेश दिया जायेगा तथा स्नातक स्तर की परीक्षा यू0पी0 आगरा मण्डल तथा डाॅ0 भीमराव अम्बेदकर विश्वविध्यालय, आगरा के महाविध्यालयों से उत्तीर्ण की हो। किन्तु एम0 एस-सी0 कृषि के प्रवेश के लिए हाईस्कूल की परीक्षा यू0पी0 आगरा मण्डल से उत्तीर्ण होना आवश्यक नहीं है।

(ii) शेष 30% स्थानों पर अन्य संस्थानों से आने वाले छात्रों को प्रवेश दिया जायेगा, जिनमें 5% विदेशी छात्र भी सम्मिलित हैं, यदि उनकी योग्यतांक ऊपर के भाग (i) के अभ्यर्थियों से अधिक हो।

(iii) शासनादेश संख्या जी0आई0 35 / सत्तर 1-2000 दिनाँक 23 सितम्बर, 2000 के अन्तर्गत कश्मीर के विस्थापित छात्र-छात्राओं को दो स्थानों पर प्रवेश दिया जायेगा।

(iv) भाग-(i) तथा (iii) में रिक्त स्थानों की पूर्ति भाग-i के अभ्यर्थियों से योग्यता क्रमानुसार की जायेगी।

(V) विदेशी छात्रों को तभी प्रवेश दिया जायेगा, जब उनके पास स्टूडेण्ट वीजा हो तथा भारत सरकार के गृह मंत्रालय एवं प्रदेशीय सरकार के विदेशी रजिस्ट्रेशन विभाग द्वारा स्वीकृति हो तथा कक्षा में प्रवेश की न्यूनतम अर्हता रखते हों। ऐसे समस्त विदेशी छात्रों को जिन्हें सम्बन्धित दूतावास द्वारा संस्तुत किया गया हो, विश्वविध्यालय की एक समिति द्वारा स्क्रीनिंग करने के उपरान्त कुलसचिव के हस्ताक्षरयुक्त अनुमति पत्र दिये जाने पर ही महाविध्यालयों द्वारा प्रवेश दिया जायेगा।

समिति के निम्नलिखित सदस्य होंगे:-

(i) अधिष्ठाता-छात्र कल्याण।

(ii) प्रत्येक जिले का वरिष्ठतम प्राचार्य-चक्रामानुसार।

(iii) एस0 एन0 मेडिकल काॅलेज के प्राचार्य द्वारा नामित-मेडिसन का वरिष्ठ प्राध्यापक।

नोट- कोई भी महाविध्यालय एवं स्ववित्त पोषित महाविध्यालय बिना विश्वविध्यालय की पूर्व अनुमति के विदेशी छात्रों को प्रवेश ‘‘प्रोवीजनल’’ भी नहीं देगा।

(iv) समय-समय पर दिये गये शासनादेशों के अनुपालन में किसी भी महाविध्यालय में स्नातक/स्नातकोत्तर वर्ष में संध्याकालीन कक्षाओं के संचालन की अनुमति नहीं दी गई है। इसका अनुपालन सुनिश्चित किया जाये।

(v) समिति का यह भी निर्णय है कि शासन द्वारा समय पर दिये गये निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित किया जाये।